समग्र शिक्षा अभियान में कार्यरत विशेष शिक्षकों की समस्याओं के निस्तारण के सम्बन्ध में। एकदिवसीय धरना संपन्न हुआ

 अजय कुमार गुप्ता सोशलिस्ट न्याय लखनऊ 
उत्तर प्रदेश विशेष शिक्षक एसोसिएशन आपका ध्यान विशेष शिक्षकों की दृहत समस्याओं की ओर आकृष्ट कराना चाहता है कि समग्र शिक्षा अभियान के अन्तर्गत दिव्यांग बच्चों की शिक्षा एवं पुनर्वास सेवाओं हेतु विशेष शिक्षकों की नियुक्ति प्रथम बार निदेशक राज्य परियोजना, सर्व शिक्षा अभियान के पत्रांक ३०१०प्र०नि०/913/2005-06 लखनऊ दिनांक 30.08.2005 के आलोक में वर्ष 2005 में इटिनरेन्ट/रिसोर्स टीचर्स के पद पर हुई थी विशेष शिक्षकों की नियुक्ति परियोजना निदेशक द्वारा गठित समिति के माध्यम से पूर्ण विधिक प्रक्रिया की परिधि में नियमानुसार की गई थी। परियोजनादेश के कलेवर में उद्धृत समिति में निम्नवत अधिकारियों की उपस्थिति में (जिसमें जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अध्यक्ष, जिला समाज कल्याण अधिकारी सदस्य, जिला दिव्यांग जन सशक्तिकरण अधिकारी सदस्य, जिला समन्वयक समेकित शिक्षा सदस्य) विज्ञापित पदो के सापेक्ष आवेदिल अभ्यार्थियों का साक्षात्कार लेने के पश्चात् सुयोग्य विशेष शिक्षकों के चयनार्थ अनुशंसा सहित जिलाधिकारी महोदय के अनुमोदनोपरान्त चयन प्रक्रिया पूर्ण की गई थी, इससे स्पष्ट है कि संविदा सेवा नियमावली के समस्त मानकों को पूर्ण क्रियान्वयन करते हुए विशेष शिक्षकों की नियुक्ति की गई है. जिससे राज्य कर्मचारियों के वेतन भत्ते आदि के सम्बन्ध में गठित देतन समिति (रिजवी समिति) द्वारा प्राख्यापित नीति में भी संविदा सेवा नियमावली के मानकों की पूर्णता पर वेतनमान प्रदान किये जाने में कोई मानकीय अड़चन नहीं है। साथ ही साथ ये विशेष शिक्षक सेवा में विनियमित किये जाने हेतु अदधारित सम्पूर्ण पात्रता रखते हैं। मान्यवर ध्यातव्य है कि समग्र शिक्षा अभियान में कार्यरत विशेष शिक्षक शैक्षिक एवं व्यावसायिक योग्यता के समस्त मानकों को पूर्ण करने के उपरान्त भी बिगत 19 वर्षों से विभागीय उपेक्षा का दश झेल रहे हैं। संविदा कॉर्टिको हेतु प्राख्यापित राजकीय / केन्द्रीय नियमावली में विवर्णित विनिश्चयों से इन विशेष शिक्षकों को विनिधानित किया गया है। महोदय यह भी उल्लेख्य है कि अल्प मानदेय भोगी इन कार्मिकों का प्रत्येक वर्ष राज्य परियोजना निदेशक के निर्देशानुसार जनपदीय प्राधिकारियों द्वारा विशेष शिक्षकों के कार्य एव व्यवहार की प्रबल समीक्षा करने के उपरान्त इनका नवीनीकरण किया जाता है। इस प्रक्रिया में विशेष शिक्षकों का निरन्तर आर्थिक / मानसिक शोषण होता चला आ रहा है।

Popular posts from this blog

आफलाइन स्थानांतरण फाईल अनुमोदन का किया अनुरोध पत्रावलियां की पुनः जांच कराने का औचित्य नहीं

रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह जी से उनके आवास पर भेंट कर देश भर के कर्मचारियों की समस्याओं का ज्ञापन दिया।

मृतक आश्रितों को योग्यता के आधार पर मिले नियुक्ति: महासंघप्रदेश में चतुर्थ श्रेणी के पाच लाख पद रिक्त,संविदा से चल रहा काम